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जियो फेंस गिरदावरी नहीं करेंगे पटवारी, संघ-अफसरों में ठनी...

जियो फेंस गिरदावरी नहीं करेंगे पटवारी, संघ-अफसरों में ठनी...

संशाधन दिये नहीं, समय देते नहीं कैसे हो गिरदावरी

लोकमतचक्र.कॉम।

भोपाल : प्रदेश में रबी फसल उपार्जन से पहले किसानों के खेत में जियो फेंस करने से प्रदेश के पटवारियों ने इनकार कर दिया है। इसको लेकर राजस्व विभाग के अफसरों और पटवारियों में ठन गई है। पटवारी संघ ने साफ कहा है कि वे जियो फेंस नहीं करेंगे, जैसे गिरदावरी की रिपोर्ट पूर्व में देते रहे हैं, वैसे देंगे वहीं राजस्व विभाग के प्रमुख सचिव और आयुक्त भू अभिलेख ने कहा है कि हर पटवारी को कम से कम 40 प्रतिशत काम जियो फेंस से करना होगा। पटवारी इस नए एप का विरोध करते हुए सारा एप से भी बाहर हो रहे हैं, जिसका असर राजस्व कार्यों पर पड़ना तय माना जा रहा है। पटवारियों का कहना है कि यह व्यवहारिक रूप से संभव नहीं है। पटवारियों को संशाधन दिये नहीं है ओर समय देते नहीं है, इसके साथ ही मौका नक्शा ओर किसानों के कब्जे में काफी विसंगति है जिसके कारण विवाद बढ़ेगा ओर खामियाजा पटवारियों को भुगतना पड़ेगा। 

आयुक्त भू अभिलेख द्वारा गुरुवार को जारी निर्देश में कहा गया है कि जियो फेंस तकनीक के माध्यम से गिरदावरी करने का निर्णय लिया गया है। इसके लिए 10 दिसम्बर को भी निर्देश दिए गए हैं जिस पर कुछ जिलों ने समय सीमा की दिक्कतों का उल्लेख किया है। इसे ध्यान में रखते हुए रबी मौसम 2021-22 में निजी सर्वे नम्बर में से न्यूनतम 40 प्रतिशत नम्बर की जियो फेंसिंग के जरिये गिरदावरी कराने का फैसला किया गया है। दूसरी ओर पटवारियों का कहना है कि शासन ने इस मामले में व्यवहारिक दिक्कतों को अनदेखा किया है। इसलिए इसका विरोध किया जा रहा है और प्रदेश के पटवारी सारा एप से बाहर हो गए हैं और जियो फेंस बंद कराने की मांग कर रहे हैं। इनका कहना है कि पूर्व में भी इसी तरह की गिरदावरी की तैयारी थी जिसकी दिक्कतों को देखते हुए रोका गया था लेकिन अब फिर अधिकारी मनमाने निर्णय ले रहे हैं।


इस कारण ज्यादा विरोध
पटवारी संघ के अनुसार जियो फेंस में पटवारी की फसल की गिरदावरी रिपोर्ट तैयार करने के लिए खेत के बीच में खड़े होकर मैपिंग करनी पड़ती है। खेतों में पलेबा और सिंचाई का काम शुरू होने के कारण बीच में जाकर मैपिंग करना संभव नहीं है और मेड़ पर खड़े होकर मैपिंग करने पर एप उस पर काम नहीं करता है। इसलिए इसका विरोध किया जा रहा है। दूसरी ओर पटवारियों का यह भी कहना है कि सरकार ने इसके लिए जियो की सिम तो दे दी है लेकिन मोबाइल और अन्य सुविधाएं नहीं दी गई हैं। इस कारण काम में परेशानी होती है। कई पटवारियों के पास दो से तीन हल्कों का प्रभार है। यह भी काम पूरा नहीं हो पाने की वजह है। साथ ही पटवारियों की ड्यूटी दूसरे काम में लगाने के कारण वे इसके लिए समय नहीं दे पा रहे हैं।

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