सांई मंदिर के आसपास रहने वाले युवाओं की टोली ने 2007 में शुरू की परंपरा
हरदा। शारदीय नवरात्रि के पावन पर्व पर हरदा शहर माता रानी की भक्ति में लीन है। इंदौर रोड़ स्थित सांई मंदिर दुर्गा उत्सव समिति द्वारा माँ भगवती की स्थापना और विशाल भंडारे की 20 वर्षों से चली आ रही परंपरा इस वर्ष भी पूरे हर्षोल्लास के साथ निभाई जा रही है। समिति द्वारा भक्तों के सहयोग से माँ का दिव्य दरबार और आकर्षक सजावट की गई है जो श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बनी हुई है।
समिति के सदस्य विजय जेवल्या ने बताया कि जब इंदौर रोड़ हरदा में होटल मानसरोवर तक ही हरदा शहर था और उसके बाद छोटी हरदा पंचायत लगती थी, जब इस क्षेत्र में लगभग जंगल जैसा माहौल था, तब सबसे पहले चित्रा इमली सुदामा नगर पर लगफग सन 1992 में 37वर्ष पूर्व वहां चित्रा इमली समिति द्वारा माता जी की स्थापना की गई थी।
उसके बाद सन 2007 में सांई मंदिर के पास युवाओं की एक टोली ने माँ दुर्गा की स्थापना की और उस परंपरा को निरंतर आगे बढ़ाया। आज लगभग आधा शहर इस ओर बढ़ गया है और विशाल रूप में विकसित हो गया है।
उन्होंने बताया कि सांई मंदिर दुर्गा उत्सव समिति द्वारा और भक्तों के सहयोग से हर वर्ष माँ भगवती का दिव्य दरबार बड़े ही भव्य रूप से सजाया जाता है और बहुत ही सुंदर धार्मिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाते हैं। नवरात्रि के दौरान प्रतिदिन आरती, पूजन और हवन के बाद भंडारे का आयोजन किया जाता है जिसमें हजारों श्रद्धालु प्रसादी ग्रहण करते हैं।
20 वर्षों से लगातार चली आ रही यह धार्मिक परंपरा समिति के सदस्यों की सक्रियता, समर्पण और माता रानी के प्रति अटूट श्रद्धा को दर्शाती है।